मंगलवार, 5 फ़रवरी 2019

उपयोगी वस्तुओं की जन्म कथाएं...😊 आलू के चिप्स ( पोटेटो चिप्स वेफर)...!! ( भाग -3)

आलू के चिप्स ...!!
न्यूयॉर्क शहर के साराटोगा स्प्रिंग्स में स्थित मूनलेक लॉज में जॉर्ज नामक एक रसोईया था।
 1853 में एक दिन एक गुस्सैल ग्राहक लॉज में आया और उसने फ्रेंच आलू की फरमाइश की।
 उसने साथ में यह भी कह दिया कि आलू पतले होने चाहिए और नमकीन तथा कुरकुरे भी।
 जॉर्ज ने पतले आलू काटकर तले पर ग्राहक ने दो बार लौटा दिए और कहा और पतले आलू काटो।
 परेशान होकर जॉर्ज ने इस बार अत्यंत पतले आलू काट लिए और उन्हें पहले पानी में भिगोकर तला।
 यह चिप्स नमक डालने के बाद अत्यंत कुरकुरे और मजेदार हो गए।
 उस ग्राहक को भी ये पसंद आए और अन्य लोगों को भी।

अगले दिन जॉर्ज क्रीम ने इन्हें साराटोगा चिप्स के नाम से तैयार करना प्रारंभ कर दिया।
 यह चिप्स लोकप्रिय होते चले गए और पोटैटो चिप्स के नाम से आज पूरे विश्व में बिक रहे हैं।
पोटैटो चिप्स के आविष्कार के पश्चात इसको पैक करने की कला का भी आविष्कार किया गया।
प्रारम्भ में  पैकेट में रखने से यह टूट जाते थे।
कई लोगों ने चिप्स के पैकेट में हवा भरनी प्रारंभ की ताकि वे दबाव में आपस में टकराकर टूट न जाए।
ज्यादा बड़ा पैकेट होने से जगह की समस्या भी खड़ी होने लगी।
 प्रॉक्टर एंड गैंबल कंपनी ने इस समस्या का हल निकाल ही लिया और वह भी बड़े विचित्र तरीके से।
 1 दिन उनका एक कर्मचारी पेड़ के नीचे खड़ा था और पेड़ से गिरे पत्ते देख रहा था कि उसने देखा कि हरे पत्ते नहीं बिखरते हैं जबकि सूखे पत्ते बिखर जाते हैं।
 उसके मस्तिष्क में एक विचार आया। उस समय आलू के चिप्स काटने के बाद, पहले सुखाए जाते थे फिर पैक किए जाते थे। इस प्रक्रिया को उलट दिया गया।
गीले स्लाइस को पहले बंद किया गया और फिर सुखाया गया इससे उन्हें पैक  करना सरल हो गया और इस नई प्रक्रिया से बनने वाले चिप्स का नाम प्रिंगले रखा गया।
1920 में इन आलू के चिप्स को बेचने की नई तरकीब निकाली गई।
हरमन ले नामक सेल्समैन ने अपनी कार में चिप्स के बैग भर-भर कर ले जाकर भेजना प्रारंभ कर दिया ।
खुदरा दुकानदारों ने इसे तेजी से खरीदना प्रारंभ कर दिया।
ले के पास जब पर्याप्त पैसा इकट्ठा हो गया तो उसने फ्रीटो ले  के नाम से अपनी कंपनी खड़ी कर ली।
 आज अमेरिका में 400 करोड़ डॉलर सालाना इन आलू के चिप्स पर खर्च कर दिए जाते हैं।
 कनाडा निवासी साल में 285 टन पोटैटो चिप्स चट कर जाते हैं।.......(जारी)......अगली बार आइसक्रीम की बारी...!!😊

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