रविवार, 29 सितंबर 2024

(4) हम सब इस धरती पर विकसित होने के लिए हैं।

हम सब इस धरती पर विकसित होने के लिए हैं। हालाँकि हमें अपने आस-पास कुछ जिद्दी लोग मिल सकते हैं, जो निराशाजनक प्रतीत हो सकते हैं; लेकिन आप देखेंगे कि वे भी आत्मज्ञान के माध्यम से बेहतर के लिए बदल जाते हैं। हाँ, उसकी प्रक्रिया थोड़ी धीमी से अत्यधिक धीमी के बीच हो सकती है, लेकिन बदलाव होता निश्चित रूप से है। मनुष्य जीवन को जटिल बना देते हैं। खुद को खुशी देने के लिए हम किसी को पूरे दिल से प्यार करना चाहते हैं, ताकि हमें वह प्यार वापस मिल सके। ऐसा करने के बजाय हम खुद के साथ राजाओं की तरह बरताव करके खुशी क्यों नहीं प्राप्त करते, जैसे अपनी पसंद की चॉकलेट खाना, अपनी मालिश करवाना और एक ध्यान के अनुभव की खोज करना? हमारे पास कोई ऐसा होना चाहिए, जो हमें प्यार करे और एक परवाह भरा हाथ आगे बढ़ाए, जो जीवन के हर उतार चढ़ाव में हमें थाम ले, और हमें पूरा अधिकार है कि हम उस व्यक्ति का इंतजार करें या अपने आस-पास मौजूद किसी व्यक्ति के एक प्यार और परवाह करनेवाले साथी के रूप में बदलने का धैर्यपूर्वक इंतजार करें। लेकिन हमें ये अधिकार नहीं है कि हम अपनी खुशी को टाल कर और बेरंग

जीवन बिता कर क्रोध, निराशा, उच्च तनाव एवं गहरे घावों के साथ जीते रहें और खुद के साथ अन्याय करें ।

अच्छी खबर ये है कि जब आप बदलते हैं, तो वे और तेजी से बदलतेहैं; क्योंकि जब आप पहले जैसे नहीं हैं, तो वे आपसे पहले की तरह व्यवहार कैसे कर सकते हैं? खुशी, हँसी और मुसकराहटें संक्रामक होती हैं और आपके आस-पास के लोगों को संक्रमित व प्रभावित कर सकती हैं।

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